आदिवासी संगठनों का राजभवन आक्रोश मार्च, सूर्य नारायण हांसदा के फर्जी एनकाउंटर की CBI जांच की मांग

The Ranchi News
4 Min Read

राँची:- आज दिनांक 23/8/2025 को विभिन्न आदिवासी संगठनों के द्वारा सूर्य नारायण हांसदा का फर्जी एनकाउंटर के खिलाफ राजभवन आक्रोश मार्च।गोड्डा जिला के आदिवासी नेता सूर्यनारायण हादसा के फर्जी एनकाउंटर के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया, ज्ञात हो कि दिनांक 10 अगस्त 2025 को आदिवासी नेता सूर्यनारायण हांसदा की गोड्डा पुलिस प्रशासन द्वारा संदिग्ध परिस्थितियों में निर्मम हत्या कर दी गई और पुलिस ने इसे फर्जी एनकाउंटर का रूप दे दिया lइस कार्यक्रम के मुख्य संयोजक मुख्य पहान श्री जगलाल पहान ने कहा कि सूर्य नारायण हांसदा सदैव आदिवासी समाज की आवाज उठाते थे तथा सरकारी मशनरी एवं माफियाओं द्वारा किए जा रहे गैर कानूनी कार्यों, अन्याय,शोषण, जुल्म का हमेशा विरोध करते थे,वह हमेशा आदिवासी हक,अधिकार,शिक्षा, भूमि सुरक्षा,युवाओं के भविष्य, रोहिंग्या मुसलमानो के शोषण के खिलाफ लड़ाई लड़ रहे थे l समाज में उनकी छवि एक स्वच्छ नेता,एक जननायक की थी परंतु उनके संघर्ष और जन समर्थन से घबराकर प्रशासन और कुछ प्रभावशाली तत्वों की मिलीभगत से उन्हें एक षड्यंत्र के तहत फर्जी मुठभेड़ दिखाकर मौत के घाट उतार दिया गया। ट्राई फर्स्ट के संयोजक आरती कूजूर ने कहा कि यह घटना न केवल मानव अधिकार का उल्लंघन है बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों पर भी गहरा आघात है यह आदिवासी संस्कृति के जड़ों पर कुठाराघात भी है l पूरे आदिवासी मूलवासी, झारखंड समाज इस फर्जी एनकाउंटर का विरोध करती है, प्रदर्शन के पूर्व सभी जिला स्कूल मैदान में एकत्र होकर जुलूस की शक्ल में राजभवन पहुंचे l जुलुस में शामिल लोगों ने सूर्य हांसदा के फर्जी इनकाउंटर की सीबीआई जांच करो, सूर्यनारायण हांसदा को न्याय दो,सूर्यनारायण हांसदा की हत्या में संलिप्त पुलिस पदाधिकारी को तत्काल निलंबित करने, उनके खिलाफ कठोर दंडात्मक कार्रवाई करने,मृतक के परिजनों एवं परिवार को सुरक्षा देने,फर्जी मुकदमा निरस्त करने,सरकार सूर्य हांसदा द्वारा संचालित विद्यालय के बच्चों की शिक्षा एवं जरूरत की जिम्मेदारी उठाएं,मृतक के परिजनों को पर्याप्त मुआवजा देने का नारा लगाया। केन्द्रीय सरना समिति के अध्यक्ष श्री बबलू मुंडा ने कहा कि सूर्या नारायण हांसदा का एनकाउंटर पूरी तरह से फर्जी है,सरकार एवं पुलिस प्रशासन की मिली भगत के द्वारा षड्यंत्र के तहत उसकी हत्या की गई है,यह मामला केवल एक व्यक्ति या परिवार का नहीं बल्कि पूरे आदिवासी समाज के सम्मान,अधिकार और न्याय की लड़ाई है यदि निर्दोष व्यक्ति की हत्या को प्रशासनिक संरक्षण दिया जाएगा तो समाज का लोकतंत्र एवं न्यायपालिका से भरोसा उठ जाएगा, पूरा आदिवासी, झारखंडी समाज इसका विरोध करती है और इस फर्जी एनकाउंटर की सीबीआई जाँच की मांग करती है* *आज के इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से पूर्व विधायक रामकुमार पहान ,केन्द्रीय सरना समिति अध्यक्ष बबलू मुंडा, मुख्य पहान श्री जगलाल पहान, महादेव टोप्पो, सुरेन्द्र लिंडा, आरती कूजूर, रितेश उरांव,संदीप उरांव,सोमा उरांव,रवि मुंडा, रितेश रंजीत उरांव,उरांव, बिरसा पहान, अरूण पहान,उदय मुंडा, प्रेम लिंडा,चिकू लिंडा, आशीष मुंडा, मुकेश मुंडा, विशाल मुंडा, संतोष मुंडा, अनीता गाड़ी, आदि सैकड़ो की संख्या में आदिवासी समाज के कार्यकर्ता उपस्थित थे।

Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *