ग्रामीण विकास विशेष प्रमंडल रांची के चिप इंजिनियर के दौवरा भारी टेंडर में हेरा फेरी अनिमायंता 2024-2025 में किया गया। जिसमें निवेदा में दस_दस आदमी भाग लेते हैं और सिर्फ 2दो ही व्यक्ति निवेदा में कोलिफाईट करते है इसका कारण बताएं जो कि ओ कोलिफाईट आखिर कैसे करते उनका टर्न ओवर सारा सर गलत है। इसके बावजूद कार्य उनको ही आवंटित किया जा रहा इसमें साफ शब्दों में पता चलता है की घुस लेकर किया जा रहा है इसका उदाहरण है कि रांची जिला सिमडेगा और खुंटी जिला सम्मिलित है यह जांच का विषय है निवेदा में कुछ संवेदक को वित्त वर्ष में क्वालीफाई किया जाता है और इस वित्त वर्ष अन्य क्वालीफाई किया गया है आखिर क्या कारण है इसमें चीफ इंजीनियर भी सम्मिलित है मैं डायरेक्ट बोलना चाहता हूं की टेंडर को निष्पादन किया गया है घुस लेकर इसमें कुछ स्कूटी इंजीनियर भी मिले हुए हैं पूरे झारखंड में अबुवा बबुवा सरकार चल रही हैं कैसे हमारा झारखंड सोने का चिड़िया बनेगा जिस संवेदक का टर्नओवर दिखाया गया है 22 लाख रूपये और आज इस वर्ष दिखाया जाता है करौड में।
मै सरकार से मांग करता हुं निष्पक्ष जांच होनी चाहिए
और दोषी पर कडी कार्यवाई होनी चाहिए
जिस संवेदक का TURN-OVER दिखाया गया हैं बिना जांच के ही जिसे विभाग के द्वारा बिना UDI जांच के पास किया जाता है साफ सबदौ में दिखाई दे रहा हैं
