रांची :- उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी, रांची श्री मंजूनाथ भजंत्री के निर्देशानुसार दुर्गापूजा एवं विजयादशमी पर्व को लेकर श्रद्धालुओं की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने हेतु जिला प्रशासन की टीम ने शहर के विभिन्न पूजा पंडालों एवं रावण दहन स्थलों का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान अपर जिला दंडाधिकारी, रांची श्री राजेश्वरनाथ आलोक, अनुमंडल पदाधिकारी सदर श्री उत्कर्ष कुमार, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी श्रीमती उर्वशी पांडेय, पुलिस अधीक्षक शहर श्री पारस राणा, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण श्री राकेश सिंह, पुलिस उपाधीक्षक ट्रैफिक, कार्यपालक अभियंता (पथ निर्माण एवं विद्युत), शांति समिति सदस्य श्री जयसिंह यादव, श्री सागर कुमार एवं अन्य संबंधित पुलिस एवं प्रशासनिक पदाधिकारी उपस्थित थे।
जिला प्रशासन की टीम ने हरमू चौक, अरगोड़ा चौक, एचइसी, स्टेशन रोड तथा बांधगाड़ी स्थित प्रमुख पूजा पंडालों का निरीक्षण किया। इस दौरान समितियों को सुरक्षा, सुविधा एवं अनुशासन से संबंधित कई आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
*• जिला प्रशासन की टीम द्वारा पूजा समितियां को निम्नलिखित दिशा निर्देश दिए गए :*
• सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए पंडाल परिसर एवं आसपास की व्यवस्था सुदृढ़ करना।
• महिला एवं पुरुष श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग प्रवेश एवं निकास द्वार की व्यवस्था।
• विद्युत व्यवस्था को सुरक्षित एवं मानकों के अनुरूप बनाए रखना।
• प्रशासन के साथ निरंतर समन्वय बनाकर आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई हेतु तैयार रहना।
• भीड़ नियंत्रण एवं श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पर्याप्त स्वयंसेवक की तैनाती।
• ट्रैफिक पुलिस के साथ तालमेल बनाकर यातायात को सुचारू रखना।
*• रावण दहन स्थलों हेतु विशेष दिशा-निर्देश*
• रावण दहन के दौरान फायर ब्रिगेड, एंबुलेंस और चिकित्सा टीम की अनिवार्य तैनाती।
• दहन स्थल पर बैरिकेडिंग एवं सुरक्षित दूरी सुनिश्चित करना ताकि श्रद्धालु सुरक्षित स्थान पर रहें।
• भीड़ को नियंत्रित करने हेतु अलग प्रवेश एवं निकास मार्ग की व्यवस्था।
• आतिशबाज़ी और पटाखों के प्रयोग में सुरक्षा मानकों का पालन और प्रशिक्षित व्यक्तियों की देखरेख में संचालन।
• बिजली एवं अन्य ज्वलनशील पदार्थों से सुरक्षित दूरी बनाकर दहन स्थल का चयन।
• रावण दहन के समय पुलिस बल एवं मजिस्ट्रेट की प्रतिनियुक्ति।
• दहन के उपरांत यातायात व्यवस्था को शीघ्र सामान्य करने हेतु आवश्यक कदम।
जिला प्रशासन द्वारा स्पष्ट किया गया है कि त्योहारों के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, सभी समितियों को नियमावली का अनुपालन करना अनिवार्य होगा।
